रायपुर। छत्तीसगढ़ में शिक्षकों की पदोन्नति प्रक्रिया में हो रही देरी को लेकर टीईटी उत्तीर्ण शिक्षकों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। शिक्षकों का आरोप है कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुरूप पदोन्नति प्रक्रिया आगे बढ़ाने और शासन की ओर से जारी निर्देशों के बावजूद अब तक प्रक्रिया पूरी नहीं हो सकी है। इसे लेकर शिक्षकों ने शासन को ज्ञापन सौंपते हुए जल्द कार्रवाई की मांग की है। मांग पूरी नहीं होने पर अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू करने की चेतावनी दी गई है।
टीईटी उत्तीर्ण शिक्षकों का कहना है कि शासन की ओर से पदोन्नति प्रक्रिया पूरी करने के लिए तीन बार स्पष्ट निर्देश जारी किए जा चुके हैं। इसके लिए अंतिम तिथि 30 अगस्त 2026 निर्धारित की गई थी, लेकिन निर्धारित समय सीमा बीतने के बाद भी पदोन्नति प्रक्रिया पूरी नहीं हो पाई है। शिक्षकों के मुताबिक इससे शिक्षक संवर्ग में असंतोष की स्थिति बनी हुई है।
वरिष्ठता सूची के बाद भी आगे की प्रक्रिया लंबित
शिक्षकों ने ज्ञापन में कहा है कि सहायक शिक्षक (ई-संवर्ग) की अंतिम वरिष्ठता सूची का प्रकाशन होने के बाद भी CR मंगाने की प्रक्रिया अब तक पूरी नहीं की गई है। इसके अलावा प्रधान पाठक प्राथमिक शाला और शिक्षक संवर्ग के लिए 1 अप्रैल 2026 की स्थिति में टीईटी योग्यताधारी शिक्षकों की संभाग स्तरीय प्रावधिक/अनंतिम वरिष्ठता सूची का प्रकाशन भी लंबित बताया गया है।
शिक्षकों का कहना है कि पदोन्नति से जुड़ी अलग-अलग प्रक्रियाओं के लंबित रहने के कारण पात्र शिक्षकों को इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है। उनका आरोप है कि निर्धारित समय सीमा के बाद भी प्रक्रिया में आगे बढ़ने को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं की गई है।
5 अक्टूबर को तय होगी आंदोलन की तारीख
टीईटी उत्तीर्ण शिक्षकों ने चेतावनी दी है कि यदि पदोन्नति प्रक्रिया को लेकर जल्द निर्णय नहीं लिया गया तो वे आंदोलन का रास्ता अपनाएंगे। शिक्षकों के अनुसार 5 अक्टूबर को बैठक कर अनिश्चितकालीन हड़ताल की तारीख तय की जाएगी।
शिक्षकों ने शासन से मांग की है कि पदोन्नति से जुड़ी सभी लंबित प्रक्रियाओं को जल्द पूरा किया जाए और पात्र टीईटी उत्तीर्ण शिक्षकों को नियमानुसार पदोन्नति का अवसर दिया जाए।
फिलहाल शिक्षकों की मांग और चेतावनी के बाद पदोन्नति प्रक्रिया को लेकर सरकार की ओर से आगे क्या कदम उठाया जाता है, इस पर नजर बनी हुई है।
