रायपुर। 25 करोड़ रुपये की कथित रंगदारी के मामले में आरोपी शोएब ढेबर की तलाश के दौरान पुलिस विभाग के भीतर से कार्रवाई की गोपनीय जानकारी लीक होने का मामला सामने आया है। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट में तैनात आरक्षक शिवम द्विवेदी को लाइन अटैच किया गया है। पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि दबिश से जुड़ी जानकारी आरोपी तक कैसे पहुंची।
रिपोर्टों के मुताबिक, पुलिस ने शोएब ढेबर को पकड़ने के लिए उसके कई संभावित ठिकानों पर एक साथ दबिश की थी। टीमों के पहुंचने से पहले ही आरोपी के वहां से निकल जाने के बाद पुलिस के सामने कार्रवाई की जानकारी लीक होने का सवाल खड़ा हुआ।

इसी कड़ी में पुलिस विभाग ने अंदरूनी स्तर पर जांच शुरू की। सामने आई जानकारी के मुताबिक, आरक्षक शिवम द्विवेदी पर गोपनीय कार्रवाई की सूचना बाहर पहुंचाने का आरोप है, जिसके बाद उसे लाइन अटैच किया गया। हालांकि, उपलब्ध रिपोर्टों में यह भी कहा गया है कि पूरी जांच अभी जारी है और सूचना लीक होने की अंतिम जिम्मेदारी को लेकर जांच के निष्कर्ष सामने आना बाकी है।
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि दबिश की जानकारी किस स्तर से बाहर गई और आरोपी को कार्रवाई से पहले इसकी जानकारी कैसे मिली। इसके साथ ही मामले से जुड़े अन्य पुलिसकर्मियों और संभावित संपर्कों की भूमिका भी जांच के दायरे में हो सकती है।
25 करोड़ की कथित रंगदारी के इस मामले में पुलिस पहले ही शोएब ढेबर की तलाश तेज कर चुकी है। अब सूचना लीक की जांच के कारण विभागीय स्तर पर भी यह मामला चर्चा में है।
