- शिक्षा के केंद्र में छिड़ी जंग ने लिया सनसनीखेज मोड़
बिहार की राजधानी पटना का मुसल्लहपुर हाट इलाका, जिसे प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी का सबसे बड़ा केंद्र माना जाता है, इन दिनों एक बड़े विवाद का केंद्र बना हुआ है। मशहूर शिक्षक फैसल खान उर्फ खान सर और ज्ञान बिंदु अकादमी के संचालक रौशन आनंद के बीच लंबे समय से चल रहा विवाद अब पुलिस कार्रवाई, अदालत और नेपाल में हुई एक संदिग्ध मौत तक पहुंच गया है।
रौशन आनंद के छोटे भाई प्रिंस यादव की नेपाल के एक होटल में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद इस मामले ने नया और गंभीर मोड़ ले लिया है। वहीं विपक्षी नेताओं द्वारा CBI जांच की मांग किए जाने से मामला अब राजनीतिक रंग भी पकड़ चुका है।
- कैसे शुरू हुआ विवाद?
जानकारी के अनुसार दोनों कोचिंग संस्थानों के बीच प्रतियोगी परीक्षाओं के परिणामों का श्रेय लेने और सफल छात्रों को अपने संस्थान से जोड़ने को लेकर लंबे समय से प्रतिस्पर्धा चल रही थी। समय के साथ यह प्रतिस्पर्धा आरोप-प्रत्यारोप और तनाव में बदल गई।
- 2 जून की हिंसक घटना
विवाद उस समय खुलकर सामने आया जब 2 जून की रात खान सर के कोचिंग संस्थान KGS पर कथित रूप से 15 से 20 लोगों ने हमला कर दिया। इस दौरान तोड़फोड़ और मारपीट की घटनाएं सामने आईं।
घटना के बाद सुरक्षा कर्मियों द्वारा हवाई फायरिंग का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए रौशन आनंद को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। बाद में फायरिंग मामले में खान सर के दो सुरक्षाकर्मियों को भी हिरासत में लिया गया।
- नेपाल में भाई की संदिग्ध मौत से बढ़ा विवाद
विवाद का सबसे संवेदनशील पहलू तब सामने आया जब रौशन आनंद के छोटे भाई प्रिंस यादव का शव नेपाल के बिराटनगर स्थित एक होटल के कमरे में मिला। प्रिंस यादव भी 2 जून की घटना के मामले में नामजद बताए जा रहे थे और गिरफ्तारी के डर से नेपाल चले गए थे।
जेल से जमानत पर रिहा होने के बाद रौशन आनंद ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर आरोप लगाया कि उन्हें समझौते के लिए दबाव बनाया गया था और उनके भाई की मौत एक सुनियोजित साजिश का हिस्सा हो सकती है।
- राजनीतिक गलियारों में भी गूंजा मामला
मामले ने राजनीतिक तूल तब पकड़ लिया जब विपक्ष के नेताओं ने सरकार से उच्च स्तरीय जांच की मांग की।
RJD नेता तेजस्वी यादव और तेज प्रताप यादव ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर मामले की CBI जांच कराने की मांग की है। उनका कहना है कि प्रिंस यादव की मौत की सच्चाई सामने आनी चाहिए और दोषियों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
- सरकार का कड़ा रुख
बिहार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने कहा है कि पुलिस मामले की गहराई से जांच कर रही है। यदि जांच में किसी कोचिंग संस्थान की भूमिका सामने आती है तो सरकार आवश्यक कार्रवाई करने से पीछे नहीं हटेगी।