महासमुंद, 2 सितंबर 2026। छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिले में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ चलाए जा रहे ऑपरेशन निश्चय के तहत कोमाखान पुलिस ने गांजा तस्करी के मामले में बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने एनएच-353 स्थित सुवरमाल चौक के पास बस का इंतजार कर रही एक 20 वर्षीय युवती और उसके साथ मौजूद एक विधि से संघर्षरत बालक को पकड़ा है। तलाशी के दौरान उनके बैग से 16 किलो 820 ग्राम गांजा बरामद हुआ।
पुलिस के मुताबिक, बरामद गांजे की अनुमानित कीमत करीब 8 लाख 41 हजार रुपये है। इसके अलावा दो मोबाइल फोन भी जब्त किए गए हैं। गांजा और मोबाइल समेत जब्त संपत्ति की कुल कीमत करीब 8 लाख 61 हजार रुपये बताई गई है।
मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने की घेराबंदी
पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि एनएच-353 पर सुवरमाल चौक के पास एक महिला और एक युवक बैग में गांजा लेकर बस का इंतजार कर रहे हैं। सूचना मिलते ही कोमाखान पुलिस ने टीम गठित कर मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की और दोनों को पकड़ लिया।
पूछताछ में महिला ने अपना नाम कामिनी खाण्डे (20), निवासी हरदी, थाना तखतपुर, जिला बिलासपुर बताया। उसके साथ मौजूद युवक के विधि से संघर्षरत बालक होने की जानकारी सामने आई।
बैग की तलाशी में मिला 16.820 किलो गांजा
पुलिस टीम ने नियमानुसार दोनों के पास मौजूद बैग की तलाशी ली। तलाशी के दौरान 16.820 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ। पुलिस के अनुसार पूछताछ में सामने आया कि गांजा एम. रामपुर, ओडिशा से लाकर पथरिया, जिला मुंगेली ले जाया जा रहा था।
पुलिस ने गांजे के साथ दो मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं। दोनों मोबाइल की कुल कीमत करीब 20 हजार रुपये आंकी गई है।
NDPS एक्ट के तहत मामला दर्ज
कोमाखान थाने में महिला आरोपी के खिलाफ अपराध क्रमांक 141/2026 दर्ज किया गया है। पुलिस ने उसके खिलाफ NDPS एक्ट की धारा 20(B)(II)(B) और 29 के तहत मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है। वहीं, उसके साथ मिले विधि से संघर्षरत बालक के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की गई है।
तस्करी नेटवर्क की जांच में जुटी पुलिस
पुलिस अब इस मामले में गांजे के स्रोत और इसके संभावित खरीदारों का पता लगाने में जुटी है। जांच की जा रही है कि ओडिशा से गांजा किसके जरिए लाया गया और पथरिया में इसे किन लोगों तक पहुंचाया जाना था।
महासमुंद पुलिस के अनुसार, ऑपरेशन निश्चय के तहत जिले में मादक पदार्थों की तस्करी, परिवहन और बिक्री पर लगातार कार्रवाई की जा रही है। पुलिस का कहना है कि तस्करी से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका सामने आने पर उनके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
कोमाखान पुलिस की इस कार्रवाई से ओडिशा से छत्तीसगढ़ के रास्ते गांजा पहुंचाने की एक और कोशिश नाकाम हुई है। पुलिस ने अवैध मादक पदार्थों के कारोबार के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रखने की बात कही है।
