नई दिल्ली, 3 सितंबर 2026। राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट द्वारा रिटायर्ड एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा को पहला मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) नियुक्त किए जाने के बाद इस फैसले को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने नियुक्ति पर सवाल उठाते हुए कहा कि मंदिर का प्रबंधन साधु-संतों और मंदिर से जुड़े लोगों के हाथों में होना चाहिए।
इमरान मसूद ने आरोप लगाया कि मंदिर के फंड पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) की नजर है और संगठन इसे लालच की नजर से देख रहा है। हालांकि, ये उनके राजनीतिक आरोप हैं और इस संबंध में संबंधित पक्ष की प्रतिक्रिया का इंतजार है।
मंदिर प्रबंधन को लेकर उठाया सवाल
कांग्रेस सांसद ने कहा कि राम मंदिर का संचालन और प्रबंधन ऐसे लोगों के हाथों में होना चाहिए, जो मंदिर की धार्मिक परंपराओं और व्यवस्था से जुड़े हों। उन्होंने रिटायर्ड एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा की नियुक्ति को लेकर भी सवाल खड़े किए।
मसूद ने तंज कसते हुए कहा कि जो व्यक्ति एयर मार्शल के तौर पर विमान उड़ाते रहे हैं, वे अब RSS के कथित जाल में फंस गए हैं।
RSS पर फंड को लेकर लगाया आरोप
इमरान मसूद ने RSS पर राम मंदिर ट्रस्ट के फंड को लेकर भी गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि संगठन की नजर मंदिर के फंड पर है। हालांकि, इन आरोपों के समर्थन में उन्होंने कोई विस्तृत प्रमाण सार्वजनिक रूप से पेश नहीं किया।
राम मंदिर ट्रस्ट की ओर से जितेंद्र मिश्रा की नियुक्ति को लेकर अलग से कोई प्रतिक्रिया इस बयान के संदर्भ में सामने नहीं आई है।
कश्मीरी पंडितों की धमकियों पर भी बोले मसूद
इमरान मसूद ने जम्मू-कश्मीर में कश्मीरी पंडितों को कथित तौर पर मिल रही धमकियों के मुद्दे पर भी टिप्पणी की। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव नजदीक आते ही इस तरह के मामले सामने आने लगते हैं।
उन्होंने दावा किया कि ऐसे मामलों से राजनीतिक फायदा उठाने वाले लोग ही इसके लिए जिम्मेदार हैं। हालांकि, इस दावे के समर्थन में भी उन्होंने कोई विशिष्ट प्रमाण या किसी व्यक्ति का नाम सार्वजनिक रूप से नहीं बताया।
CEO नियुक्ति के बाद बढ़ी राजनीतिक चर्चा
राम मंदिर ट्रस्ट द्वारा रिटायर्ड एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा को पहला CEO बनाए जाने के बाद मंदिर प्रशासन और प्रबंधन को लेकर राजनीतिक बहस शुरू हो गई है। कांग्रेस सांसद के बयान ने इस बहस को और तेज कर दिया है।
अब नजर इस बात पर है कि ट्रस्ट, RSS या भाजपा की ओर से इमरान मसूद के आरोपों पर क्या प्रतिक्रिया सामने आती है।
